26/11 मुंबई हमलों के आरोपी तहव्वुर राणा को परिवार से बात करने की इजाज़त नहीं मिली है. दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने उसकी याचिका खारिज कर दी है. कोर्ट में ये सुनवाई इन-कैमरा यानी बंद कमरे में हुई थी और कोर्ट ने अपना आदेश कल सुरक्षित रख लिया था, जिसे आज सुनाया गया.
एनआईए ने राणा की अर्जी का विरोध करते हुए कहा था कि जांच बेहद संवेदनशील दौर में है और एजेंसी को आशंका है कि तहव्वुर राणा परिवार से संपर्क कर कोई अहम जानकारी लीक कर सकता है.
दरअसल, NIA कोर्ट के विशेष जज चंद्रजीत सिंह की अदालत में तहव्वुर राणा ने NIA कस्टडी के दौरान अपने परिवार से फोन पर बात करने की इजाजत दिए जाने की अर्जी दाखिल की थी. फिलहाल तहव्वुर 18 दिनों की NIA की कस्टडी में 2 मई तक रहेगा. तहव्वुर राणा ने अपने परिवार से संपर्क किए जाने की इजाज़त मांगी थी.
वहीं, राणा के वकील ने दलील दी थी कि वह विदेशी नागरिक है और उसका परिवार उसकी स्थिति को लेकर चिंतित है, लेकिन कोर्ट ने एनआईए की आपत्ति को सही मानते हुए अर्जी खारिज कर दी.
